नात्सीवाद और हिटलर का उदय


बहविकल्पीय प्रश्न

प्रश्न 1. हिटलर का जन्म किस देश में हुआ
उत्तर:ऑस्ट्रिया

प्रश्न 2. अमेरिका प्रथम विश्व युद्ध में कब शामिल हुआ था
उत्तरसन् 1917 में

प्रश्न 3.  वर्साय की संधि किस देश के साथ की गई थी?
उत्तरजर्मनी

प्रश्न 4.  हिटलर जर्मनी का चांसलर कब बना?
उत्तर30 जनवरी 1933

प्रश्न 5.जर्मनी में इनेबलिंग एक्ट कब पारित किया गया था?
उत्तर:  23 मार्च 1933

लघु उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 1. वर्साय की संधि की मुख्य विशेषताएं क्या थी?
उत्तर:  वर्साय की संधि (Treaty of Versailles) प्रथम विश्व युद्ध की समाप्ति के बाद 28 जून 1919 को मित्र राष्ट्रों (विशेषकर ब्रिटेन, फ्रांस, अमेरिका) और जर्मनी के बीच की गई थी। यह संधि जर्मनी पर बहुत कठोर शर्तें थोपने के लिए प्रसिद्ध है।

वर्साय की संधि की मुख्य विशेषताएँ:

1.युद्ध का दोषी जर्मनी:

* जर्मनी को प्रथम विश्व युद्ध का पूर्ण दोषी ठहराया गया।

* उसे युद्ध से हुए नुकसान की पूरी भरपाई करनी थी।

2. भारी हर्जाना (Reparations):

* जर्मनी पर लगभग 6.6 अरब पाउंड का आर्थिक हर्जाना लगाया गया।

* इससे उसकी अर्थव्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई।

3. सेना पर प्रतिबंध:

* जर्मनी की सेना को सीमित कर दिया गया (केवल 1 लाख सैनिकों तक)।

* नौसेना और वायुसेना पर भी रोक लगा दी गई।

* टैंक, जहाज, और भारी हथियार रखने की अनुमति नहीं थी।

4. क्षेत्रीय हानि:

* जर्मनी को अपने कई क्षेत्र छोड़ने पड़े जैसे —

* एल्सास-लोरेन फ्रांस को

* श्लेस्विग डेनमार्क को

* पोलेन कॉरिडोर पोलैंड को

* रेन क्षेत्र को असैन्य क्षेत्र घोषित किया गया।

5. उपनिवेशों का जब्ती:

* जर्मनी के सभी विदेशी उपनिवेशों को मित्र राष्ट्रों में बाँट दिया गया।

6. लीग ऑफ नेशन्स की स्थापना:

* शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय संगठन लीग ऑफ नेशन्स की स्थापना की गई।

* जर्मनी को शुरू में इसकी सदस्यता नहीं दी गई।

प्रश्न 2. प्रथम विश्व युद्ध के बाद सैनिकों को आम नागरिकों के मुकाबले ज्यादा महत्व क्यों दिया जाता था?

उत्तरप्रथम विश्व युद्ध के बाद समाज में सैनिकों को आम नागरिकों की तुलना में अधिक महत्व दिया जाता था क्योंकि उन्होंने युद्ध के दौरान राष्ट्र की रक्षा और बलिदान दिया था।

इसके प्रमुख कारण निम्नलिखित हैं:

  1. राष्ट्रभक्ति और बलिदान का प्रतीक:

    • सैनिकों को देश के लिए लड़ने और प्राणों की आहुति देने वाला वीर माना गया।

    • वे राष्ट्रीय गौरव और सम्मान के प्रतीक बन गए।

  2. सैन्य अनुशासन और साहस की सराहना:

    • युद्ध के बाद समाज में अनुशासन, कठोरता, और आज्ञापालन को श्रेष्ठ गुण माना गया — जो सैनिकों में होते हैं।

  3. राजनीतिक प्रचार का हिस्सा:

    • कई देशों में सैनिकों का महिमामंडन कर उन्हें राजनीतिक उद्देश्यों के लिए उपयोग किया गया, जैसे कि नाजी जर्मनी में।

  4. आर्थिक और सामाजिक विशेषाधिकार:

    • कुछ देशों ने सैनिकों को पेंशन, रोजगार, या भूमि देकर विशेष सुविधाएं दीं।

    • इससे आम लोगों में सैनिकों की प्रतिष्ठा और बढ़ गई।

  5. युद्ध के प्रभाव और जनभावना:

    • युद्ध में मारे गए सैनिकों की याद में स्मारक बनाए गए।

    • शहीदों के प्रति सम्मान की भावना पूरे समाज में थी।

    • प्रश्न 3. 1929 ई की आर्थिक महामंदी का जर्मनी पर क्या प्रभाव पड़ा? 

    • उत्तर: 1929 की आर्थिक महामंदी (Great Depression) ने पूरी दुनिया को प्रभावित किया, लेकिन इसका सबसे गहरा प्रभाव जर्मनी पर पड़ा क्योंकि वह पहले से ही वर्साय की संधि और युद्ध हर्जाने से जूझ रहा था।

      जर्मनी पर आर्थिक महामंदी के प्रभाव:

      1.बेरोजगारी में भारी वृद्धि:

      * लाखों लोग अपनी नौकरियाँ खो बैठे।

      * 1932 तक जर्मनी में 60 लाख से अधिक लोग बेरोजगार हो गए।

      2. उद्योग और व्यापार पर असर:

      * जर्मनी के कारखाने और उद्योग बंद हो गए।

      * निर्यात घट गया और उत्पादन रुक गया।

      3. बैंकों का पतन:

      * जर्मनी के बैंक दिवालिया हो गए।

      * अमेरिका ने अपने दिए गए ऋण वापस मांगने शुरू कर दिए, जिससे स्थिति और खराब हो गई।

      4. गरीबी और भुखमरी:

      * आम जनता भूख, गरीबी और बेघरपन का शिकार हुई।

      * लोगों का सरकार पर से विश्वास उठ गया।

      5.राजनीतिक अस्थिरता:

      * आर्थिक संकट ने लोकतांत्रिक सरकार को कमजोर कर दिया।

      * लोगों ने कट्टरपंथी और मजबूत नेतृत्व की मांग की।

      6. नाज़ी पार्टी का उदय:

      * जनता ने समस्याओं से निपटने के लिए हिटलर और नाजी पार्टी की ओर रुख किया।

      * हिटलर ने जनता को आर्थिक पुनर्निर्माण और गौरव की वापसी का वादा किया।