Chapter 12

                                                              जन्म-बाधा


1. गुड्डी को खाट के नीचे पड़ी लीड कैसे मिली और इसका महत्व क्या था?

उत्तर: झाड़ू लगाते समय गुड्डी को खाट के नीचे पेंसिल की लीड मिली, जो बबलू ने फेंकी थी। यह लीड उसकी चिट्ठी लिखने के काम आई। यह साधारण वस्तु थी, लेकिन गुड्डी के लिए उसकी पढ़ाई और संवाद का साधन बन गई।

2. गुड्डी ने कागज़ और लिफाफ़ा कैसे प्राप्त किए और इसमें उसे क्या डर था?

उत्तर: गुड्डी ने पप्पा के झोले से चुपचाप कागज़ और लिफाफ़ा निकाल लिया। उसे डर था कि पप्पा को पता चल गया तो वे गुस्सा करेंगे और चिट्ठी लिखने का मौका समाप्त हो जाएगा।

3. चिट्ठी लिखने के समय गुड्डी की सबसे बड़ी चिंता क्या थी?

उत्तर: उसकी माँ और छोटकी सो रही थीं। अगर छोटकी जाग जाती तो उसे चिट्ठी लिखने का अवसर नहीं मिलता। इसलिए वह जल्दी में थी और किसी को जगाए बिना काम करना चाहती थी।

4. चिट्ठी की शुरुआत को लेकर गुड्डी उलझन में क्यों थी?

उत्तर: वह “प्यारे प्रधान…” लिखने की सोच रही थी, लेकिन बच्चे शब्द को लेकर उलझन थी। साथ ही “परम पः प” में कौन-सा उ बड़ा या छोटा लगेगा, इसे लेकर भी दुविधा थी।

5. गुड्डी का मानना था कि हिज्जे गलत होने पर भी उसकी बात सुनी जानी चाहिए। क्यों?

उत्तर: गुड्डी पढ़ी‑लिखी नहीं थी, लेकिन उसकी समस्या सच्ची और गंभीर थी। उसने सोचा कि उसका उद्देश्य स्पष्ट होना चाहिए, न कि हिज्जों की शुद्धता।

6. गुड्डी ने किसे याद करके अपनी चिट्ठी लिखने का साहस जुटाया?

उत्तर: उसने “जय माता रानी! जय गणेश जी!” और पड़ोस वाली हिना को याद किया। इनका स्मरण उसे आध्यात्मिक और मानसिक सहारा देता था।

7. गुड्डी ने प्रधानमंत्री से क्या विनती की?

उत्तर: उसने बंधुआ मजदूरों की तरह स्वयं को भी छुड़वाने की विनती की। उसने अपनी पढ़ाई की अधूरी इच्छा व्यक्त की और कहा कि घर में कोई उसे पढ़ाने वाला नहीं है।

8. गुड्डी अपने छोटे भाइयों और बहनों की जिम्मेदारियों का वर्णन कैसे करती है?

उत्तर: वह बताती है कि बबलू, गुड्डू, मुन्नू, रीता, मीता और छोटकी सभी की देखभाल उसकी जिम्मेदारी है। वह खाना खिलाती, कपड़े धोती और घर का काम करती है।

9. गुड्डी के अनुसार वह घर में क्यों आलोचना का शिकार होती है?

उत्तर: माँ कहती हैं कि वह सब्जी नहीं बना पाती। पप्पा कहते हैं कि वह धीमर है। गुड्डी बताती है कि काम करते‑करते भी उसकी कोशिशों को कोई महत्व नहीं देता।

10. गुड्डी की पढ़ाई में अब तक की बाधाएँ क्या रही हैं?

उत्तर: मामाजी ने उसका नाम पहले स्कूल में लिखा, लेकिन छोटकी पैदा होने और घर के कामों की वजह से वह नियमित नहीं जा सकी। पप्पा कहते हैं, “बाद में देखा जाएगा,” यानी शायद कभी नहीं।

11. गुड्डी स्कूल क्यों नहीं जा सकती थी?

उत्तर: घर में कोई उसे छोड़ने या पढ़ाने वाला नहीं था। घर का काम और छोटकी की देखभाल उसकी प्राथमिक जिम्मेदारी थी।

12. गुड्डी ने चिट्ठी लिखने की अपनी गति कैसे बढ़ाई?

उत्तर: उसने समय की कमी को देखते हुए जल्दी-जल्दी लिखना शुरू किया। वह नहीं चाहती थी कि छोटकी या माँ जाग जाएँ और काम बाधित हो।

13. चिट्ठी में गुड्डी ने अपनी व्यक्तिगत कठिनाइयाँ कैसे व्यक्त कीं?

उत्तर: उसने घर के सभी कामों का विवरण दिया, जैसे खाना बनाना, बर्तन धोना, कपड़े धोना और भाई-बहनों की देखभाल। इस तरह उसने अपनी कठिन परिस्थितियों को प्रधानमंत्री के सामने रखा।

14. गुड्डी की चिट्ठी में उसका भावनात्मक संघर्ष कैसे झलकता है?

उत्तर: गुड्डी की आँखें भर आती हैं, लेकिन वह रोकर समय बर्बाद नहीं करना चाहती। उसकी हिचकिचाहट, डर और उम्मीद दोनों झलकते हैं।

15. गुड्डी ने बंधुआ मजदूरी की तुलना अपने हालात से कैसे की?

उत्तर: उसने कहा कि बंधुआ मजदूरों को छुड़ाया जा रहा है, तो उसे भी छुड़वा दें। यह दिखाता है कि वह अपने और मजदूरों की समान पीड़ा महसूस करती है।

16. गुड्डी ने अपने परिवार में बच्चों की उम्र और व्यवहार कैसे बताया?

उत्तर: उसने बताया कि बबलू एक साल छोटा है, गुड्डू नौ साल का है, मुन्नू सात साल का है, रीता पाँच, मीता तीन और छोटकी एक साल की है। सभी बच्चों के व्यवहार और उसकी जिम्मेदारियों का विस्तार किया।

17. गुड्डी ने अपनी माता और पिता की टिप्पणियाँ कैसे साझा की?

उत्तर: पप्पा कहते हैं कि वह रोटियाँ अच्छी बनाती है, लेकिन धीमर है। माँ कहती हैं कि सब्जी नहीं बनाना जानती। इससे गुड्डी की निराशा और संघर्ष स्पष्ट होता है।

18. गुड्डी ने स्कूल में केवल एक महीने क्यों पढ़ाई की?

उत्तर: मामाजी की जिद पर नाम लिखा गया था। छोटकी का जन्म और घर के कामों के कारण स्कूल नियमित नहीं जा सकी।

19. गुड्डी स्कूल क्यों जाने की इच्छा रखती थी?

उत्तर: वह पढ़ना चाहती थी और चाहती थी कि उसकी शिक्षा अधूरी न रहे। यह उसकी स्वतंत्रता और भविष्य की चाह को दर्शाता है।

20. चिट्ठी में गुड्डी ने अपनी मर्जी और स्वतंत्रता की कमी कैसे व्यक्त की?

उत्तर: उसने लिखा कि वह अपनी मर्जी से स्कूल नहीं जा सकती, किसी से कुछ नहीं कह सकती और पप्पा हमेशा “बाद में देखा जाएगा” कहते हैं।

21. गुड्डी ने चिट्ठी लिखने के समय भगवान से किस प्रकार मदद मांगी?

उत्तर: उसने लिखा कि कोई नहीं है जो मदद करे। इसलिए वह भगवान से यह कार्य पूरा करने की कृपा मांगी।

22. गुड्डी की भावनाएँ चिट्ठी लिखते समय क्यों मिश्रित थीं?

उत्तर: डर, उम्मीद, घबराहट और साहस—सब मिश्रित थे। आँखें भर आतीं, हृदय धड़कता, लेकिन वह दृढ़ता से लिखती रही।

23. गुड्डी ने चिट्ठी में अपने घर की व्यस्तता का चित्रण कैसे किया?

उत्तर: उसने पूरे दिन के कामों का वर्णन किया—खाना बनाना, कपड़े धोना, बच्चों की देखभाल। वह कहती है कि आराम का समय भी नहीं मिलता।

24. गुड्डी ने प्रधानमंत्री को क्यों लिखा कि उसे भी छुड़वा दें?

उत्तर: क्योंकि वह बंधुआ मजदूरी की तरह अपनी शिक्षा और स्वतंत्रता से वंचित थी। उसने अपनी कठिनाई और अधिकार का हवाला दिया।

25. गुड्डी के लिए पेंसिल और कागज़ का क्या महत्व था?

उत्तर: ये साधन उसके विचार और शिकायत प्रधानमंत्री तक पहुँचाने के लिए जीवनदायिनी थे। यह उसकी स्वतंत्रता और आवाज़ का प्रतीक है।

26. चिट्ठी में गुड्डी ने अपने छोटे भाई-बहनों की देखभाल के लिए क्या चुनौती बताई?

उत्तर: उसने कहा कि छोटकी, मुन्नू, रीता और मीता की देखभाल करना, उन्हें खाना खिलाना, कपड़े धोना और बर्तन माँजना उसकी जिम्मेदारी थी।

27. गुड्डी ने माँ-बाप की प्रतिक्रिया का वर्णन क्यों किया?

उत्तर: इससे उसकी पीड़ा और घर की वास्तविक परिस्थितियों का पता चलता है। यह बताता है कि वह स्वयं पर अधिक जिम्मेदारी लेती थी।

28. गुड्डी ने चिट्ठी में कितने बच्चों का विवरण दिया और क्यों?

उत्तर: उसने छह बच्चों का वर्णन किया—बबलू, गुड्डू, मुन्नू, रीता, मीता और छोटकी। यह बताने के लिए कि उसकी जिम्मेदारी कितनी बड़ी थी और पढ़ाई में बाधा क्यों आई।

29. गुड्डी ने चिट्ठी में खुद की शिक्षा की महत्वता कैसे दर्शाई?

उत्तर: उसने बताया कि पढ़ाई नहीं होने से उसका भविष्य अंधकारमय है। इसलिए प्रधानमंत्री से मदद की गुहार लगाई।

30. गुड्डी ने चिट्ठी में आत्म-निर्भरता और साहस का क्या उदाहरण दिया?

उत्तर: उसने चुपचाप कागज़, लिफ़ाफ़ा निकाला और माँ-बाप की नजर बचाकर चिट्ठी लिखी। यह उसके साहस और आत्म-निर्भरता को दिखाता है।

31. चिट्ठी में गुड्डी की भावनाएँ किस प्रकार प्रकट होती हैं?

उत्तर: आशा, डर, उत्साह, हिचकिचाहट और दृढ़ता—सभी भाव दिखाई देते हैं।

32. गुड्डी ने चिट्ठी में बंधुआ मजदूरों का उल्लेख क्यों किया?

उत्तर: वह यह दिखाना चाहती थी कि उसकी स्थिति भी उनके जैसी कठिन है और वह भी छुड़ाई जानी चाहिए।

33. गुड्डी ने चिट्ठी में कितने बार माता-पिता का उल्लेख किया?

उत्तर: कई बार—पप्पा की टिप्पणियाँ, माँ की डांट और देखभाल की बातें। इससे घर के माहौल का चित्रण होता है।

34. चिट्ठी में गुड्डी का भावनात्मक संघर्ष कैसे दिखता है?

उत्तर: रोना, घबराहट, डर, हिचकिचाहट और फिर भी लिखने का साहस—सभी भाव एक साथ दिखाई देते हैं।

35. गुड्डी ने चिट्ठी में समय प्रबंधन की चुनौती कैसे बताई?

उत्तर: छोटे‑छोटे बच्चों और घर के कामों के बीच उसे लेखन के लिए बहुत ही कम समय मिला।

36. चिट्ठी में गुड्डी ने किस प्रकार अपनी व्यस्त दिनचर्या का वर्णन किया?

उत्तर: उसने पूरे दिन के कामों—खाना बनाना, बर्तन धोना, कपड़े धोना, बच्चों को संभालना—का विस्तार से उल्लेख किया।

37. गुड्डी की दृष्टि में शिक्षा क्यों महत्वपूर्ण थी?

उत्तर: शिक्षा से वह अपनी स्थिति बदल सकती थी। पढ़ाई से स्वतंत्रता और सामाजिक पहचान मिल सकती थी।

38. चिट्ठी लिखते समय गुड्डी ने किस प्रकार मानसिक दबाव महसूस किया?

उत्तर: उसने सोचा कि माँ-बाप जाग गए तो चिट्ठी नहीं लिख पाएगी। शब्दों और हिज्जों को लेकर उलझन थी।

39. गुड्डी ने चिट्ठी में कौन-सी योजना बनाई थी?

उत्तर: वह बिना टिकट के लिफाफ़ा भेज देगी, ताकि प्रधानमंत्री खोलने से पहले उसकी परिस्थिति समझ जाएँ।

40. संपूर्ण पाठ का मुख्य संदेश क्या है?

उत्तर: यह पाठ बच्चों की पीड़ा, परिवारिक जिम्मेदारी, शिक्षा की महत्वता और साहस को दर्शाता है। गुड्डी की कहानी बताती है कि परिस्थितियाँ कठिन हों, लेकिन आत्म-विश्वास, धैर्य और प्रयास से मुश्किलें पार की जा सकती हैं।


Answer by Mrinmoee