Chapter 9

                                                          वर्षा बहार


1. कवि ने वर्षा ऋतु के प्रारम्भिक दृश्य को कैसे चित्रित किया है?

उत्तर: कवि बताता है कि वर्षा के आगमन से चारों ओर एक अद्भुत छटा फैल जाती है। आकाश में घने बादल छा जाते हैं, बिजली चमकने लगती है, और गरजते बादलों के साथ वर्षा आरम्भ हो जाती है। वातावरण आनंदमय हो उठता है।

2. “बिजली चमक रही है, बादल गरज रहे हैं” पंक्तियाँ ऋतु की किस विशेषता को दर्शाती हैं?

उत्तर: यह पंक्तियाँ वर्षा ऋतु की प्राकृतिक ध्वनियों और रोशनी के अद्भुत संगम को दर्शाती हैं। इससे पता चलता है कि बारिश के साथ-साथ बिजली और बादलों की गर्जना वातावरण में ऊर्जा और रोमांच भर देती है।

3. वर्षा के समय “झरने भी बह रहे हैं”—इस पंक्ति का क्या अर्थ है?

उत्तर: इसका अर्थ है कि वर्षा के कारण पहाड़ियों और ऊँचे स्थानों से पानी तीव्र गति से नीचे बहकर झरनों के रूप में गिरने लगता है। ये झरने प्रकृति की सुन्दरता को बढ़ाते हैं और वर्षा की प्रचुरता दिखाते हैं।

4. हवा के ठंडी होने से प्रकृति में क्या बदलाव आते हैं?

उत्तर: हवा के ठंडी चलते ही वातावरण ताजगी और शीतलता से भर जाता है। पेड़ों की डालियाँ लहराने लगती हैं, मन प्रसन्न हो उठता है, और वर्षा ऋतु का वास्तविक आनंद महसूस होने लगता है।

5. “हिलती हैं डालियाँ सब”—कवि ने यह पंक्ति क्यों कही?

उत्तर: यह पंक्ति चलती ठंडी हवा की तीव्रता और पेड़ों की सक्रियता को दर्शाती है। ठंडी हवा के कारण सभी पेड़ों की शाखाएँ हिलने लगती हैं, जिससे वर्षा का सुरम्य दृश्य अधिक मोहक बन जाता है।

6. कविता में बागों का दृश्य कैसा बताया गया है?

उत्तर: बागों में सुन्दरता और जीवन की लहर दिखाई देती है। मालिनें मधुर गीत गाती हैं, गुलाब खिलता है, उसकी सुगंध फैलती है और वातावरण में उल्लास भर जाता है।

7. “गाती है मालिनें अब”—इसका क्या संकेत है?

उत्तर: यह बताता है कि वर्षा ऋतु के आगमन से मन प्रसन्न हो जाता है। बागों की देखभाल करने वाली मालिनें भी इस आनंद से प्रभावित होकर खुशी खुशी गीत गाती हैं।

8. तालाबों में रहने वाले जलचर जीव वर्षा के समय क्यों प्रसन्न होते हैं?

उत्तर: क्योंकि वर्षा से तालाबों में पानी बढ़ जाता है, जिससे उनके जीवन के लिए उपयुक्त वातावरण बनता है। पर्याप्त जल मिलने पर वे स्वतंत्रता से तैरते हैं और खुश दिखाई देते हैं।

9. वर्षा ऋतु में पपीहे के व्यवहार में क्या परिवर्तन होता है?

उत्तर: वर्षा आने के बाद पपीहे अत्यंत प्रसन्न हो जाते हैं। वे इधर-उधर उड़ते, मीठी बोली बोलते और ग्रीष्म ऋतु के ताप से मुक्ति पाकर नया जीवन महसूस करते हैं।

10. मोरों का नृत्य वर्षा ऋतु की कौन-सी विशेषता बताता है?

उत्तर: मोर वर्षा में विशेष रूप से नाचते हैं। उनका नृत्य इस ऋतु की प्रसन्नता, जीवंतता और प्राकृतिक उल्लास का प्रतीक है। यह दर्शाता है कि वर्षा सभी जीवों को खुशी देती है।

11. “मेंढक लुभा रहे हैं, गाकर सुगीत प्यारे”—इसका क्या अर्थ है?

उत्तर: मेंढक अपनी टर्र-टर्र की ध्वनि से एक प्रकार का संगीत पैदा करते हैं। यह उनकी खुशी का संकेत है और वर्षा ऋतु के मधुर प्राकृतिक संगीत का हिस्सा भी है।

12. गुलाब के खिलने से कविता के भाव में क्या परिवर्तन आता है?

उत्तर: गुलाब का खिलना सुगंध और सौंदर्य का प्रतीक है। इससे वर्षा ऋतु की रम्यता और भी बढ़ जाती है। वातावरण में महक भर जाती है और दृश्य अधिक आकर्षक हो जाता है।

13. “सौरभ उड़ा रहा है”—यह पंक्ति किस बात को दर्शाती है?

उत्तर: यह दर्शाती है कि गुलाब से निकलने वाली सुगंध चारों ओर फैल रही है। इसका मतलब है कि फूल पूरी तरह खिले हैं और अपनी महक से वातावरण को सुरभित कर रहे हैं।

14. कविता में हंसों का दृश्य किस प्रकार से प्रस्तुत किया गया है?

उत्तर: हंस कतार बाँधकर चलते दिखाए गए हैं। उनका अनुशासन, सुंदरता और सौम्यता वर्षा बहार के दृश्य को और मनोहारी बना देती है। यह प्रकृति की शांति का प्रतीक है।

15. किसान हंसों के गीत क्यों मनहर (मन को हरने वाले) लगते हैं?

उत्तर: क्योंकि हंसों की ध्वनि मधुर और सुरीली होती है। किसानों का जीवन प्रकृति से जुड़ा होता है, इसलिए उनके गीत उन्हें सुकून और आनंद देते हैं।

16. कविता में वर्षा बहार को “अनोखी” क्यों कहा गया है?

उत्तर: क्योंकि यह ऋतु प्रकृति में ऐसे अद्भुत और आकर्षक बदलाव लाती है, जो अन्य ऋतुओं में नहीं मिलते। वर्षा से धरती ताज़ा हो जाती है, जीव-जंतु सक्रिय हो जाते हैं, और वातावरण में नया जीवन संचार होता है।

17. “सारे जगत की शोभा निर्भर है इसके ऊपर”—इसका क्या संदेश है?

उत्तर: यह पंक्ति बताती है कि वर्षा जीवन का आधार है। वर्षा से ही खेत हरे-भरे होते हैं, जल उपलब्ध होता है और प्रकृति की सुन्दरता बनी रहती है। वर्षा न हो तो जीवन सम्भव नहीं।

18. कविता में वर्षा ऋतु ने जीव-जंतुओं के जीवन पर क्या प्रभाव डाला है?

उत्तर: वर्षा आने से पपीहे, मोर, मेंढक, हंस जैसे सभी जीव अत्यंत प्रसन्न हो जाते हैं। वे नृत्य करते, गाते और प्राकृतिक आनंद में मग्न हो जाते हैं, जो बताता है कि प्रकृति और जीव एक-दूसरे से जुड़े हैं।

19. बागों में “आमोद” क्यों छा जाता है?

उत्तर: वर्षा के कारण पेड़-पौधों को पर्याप्त जल मिलता है, जिससे वे हरे-भरे और ताजगी से भर जाते हैं। इससे बागों में सुख, शांति और आनंद फैल जाता है।

20. कविता में वर्षा ऋतु को जीवनदायिनी कैसे बताया गया है?

उत्तर: वर्षा ऋतु जल प्रदान करती है, वनस्पतियों को जीवन देती है, खेतों को उपजाऊ बनाती है, और प्राकृतिक सौंदर्य को बढ़ाती है। यही कारण है कि इसे जीवनदायिनी कहा गया है।

21. बादलों की गर्जना वातावरण में कैसी भावना उत्पन्न करती है?

उत्तर: बादलों की गर्जना रोमांच, उत्साह और शक्ति की भावना लाती है। यह हमें वर्षा की तीव्रता और प्रकृति की शक्ति का एहसास कराती है।

22. कविता में हवा को “ठंडी चलती” कहा गया है—यह किस परिवर्तन का संकेत है?

उत्तर: यह संकेत है कि गर्मी समाप्त हो रही है और ठंडक बढ़ रही है। वर्षा ऋतु की पहचान ही शीतलता है, जो मन को सुकून देती है।

23. कविता में प्रकृति और मनुष्य के संबंध को कैसे दर्शाया गया है?

उत्तर: कविता में प्रकृति के दृश्यों तथा मनुष्य के आनंद को जोड़कर दिखाया गया है। मालिनें गीत गाती हैं, किसान हंसों का स्वर सुनकर प्रसन्न होते हैं—यह दर्शाता है कि प्रकृति मनुष्य के मन को प्रभावित करती है।

24. वर्षा ऋतु में झरने बहने का क्या महत्व है?

उत्तर: झरने वर्षा की प्रचुरता का प्रतीक होते हैं। वे नदियों को भरते हैं, जल उपलब्ध कराते हैं और दर्शनीय सुंदरता में वृद्धि करते हैं।

25. पपीहे का उल्लेख कविता में क्यों महत्वपूर्ण है?

उत्तर: पपीहा वर्षा का प्रतीक माना जाता है। उसका प्रसन्न होना बताता है कि वर्षा के आने से पक्षियों को नया जीवन मिलता है।

26. मेंढकों के “सुगीत प्यारे” गाने का क्या प्रभाव है?

उत्तर: मेंढकों की ध्वनि वर्षा का संगीत बन जाती है। इससे वातावरण अधिक जीवंत और मधुर प्रतीत होता है।

27. कविता के अनुसार किसान वर्षा ऋतु को कैसे देखते हैं?

उत्तर: किसान वर्षा को जीवन और खेती के लिए आवश्यक मानते हैं। हंसों के मीठे स्वरों को सुनकर उनका मन भी प्रफुल्लित हो उठता है, जो उनकी प्रकृति-प्रेम को दर्शाता है।

28. गुलाब की सुगंध वर्षा के वातावरण को कैसे प्रभावित करती है?

उत्तर: गुलाब की सुगंध वातावरण में ताजगी और मिठास भर देती है। इससे वातावरण और भी सौम्य और आकर्षक बन जाता है।

29. कविता में कथित “अनोखी बहार” किन-किन तत्वों से बनती है?

उत्तर: बादल, बिजली, हवा, झरने, पेड़-पौधे, पपीहे, जलचर, मोर, मेंढक, हंस, गुलाब—ये सभी मिलकर वर्षा की अनोखी बहार बनाते हैं।

30. कविता का मुख्य संदेश क्या है?

उत्तर: कविता बताती है कि वर्षा ऋतु पृथ्वी के लिए अत्यंत आवश्यक है। यह प्रकृति को नया जीवन देती है, सौंदर्य बढ़ाती है, और जीव-जंतुओं व मनुष्यों को प्रसन्न करती है। वर्षा के बिना प्रकृति की शोभा संभव नहीं।

31. वर्षा में बिजली का चमकना किस प्रकार दृश्य सौंदर्य को बढ़ाता है?

उत्तर: बिजली की चमक आकाश को जगमगा देती है। यह रोशनी और अंधकार का अनूठा संगम दृश्य को और भी प्रभावशाली बना देता है।

32. कविता में बादल केवल गरजते ही नहीं बल्कि क्या भूमिका निभाते हैं?

उत्तर: बादल वर्षा लाते हैं, जो भूमि को उपजाऊ बनाती है और पौधों को जीवन देती है। वे वर्षा ऋतु के मुख्य पात्र हैं।

33. हंसों के “कतार बाँधकर चलने” का दृश्य क्या प्रतीक करता है?

उत्तर: यह अनुशासन, सौंदर्य और प्रकृति के सामूहिक जीवन का प्रतीक है, जिससे कविता में शांति और सुंदरता का भाव आता है।

34. “ग्रीष्म ताप खोते”—यह पंक्ति किस परिवर्तन को दर्शाती है?

उत्तर: यह दर्शाती है कि गर्मी से परेशान जीव-जंतु अब राहत महसूस कर रहे हैं। वर्षा ने उन्हें ठंडक और ताजगी प्रदान की है।

35. कविता में जलचर जीवों का उल्लेख क्यों महत्वपूर्ण है?

उत्तर: क्योंकि वर्षा का सीधा प्रभाव तालाबों और जलाशयों पर पड़ता है। जलचर जीवों की खुशी से पता चलता है कि वर्षा पूरे जल-जीवन के लिए वरदान है।

36. मोरों का नृत्य वर्षा की किस विशेषता को प्रकट करता है?

उत्तर: यह वर्षा की आनंददायी प्रकृति को प्रकट करता है। मोर वर्षा के मौसम में अपनी सुंदरता और प्रसन्नता को सबसे ज़्यादा प्रकट करते हैं।

37. कविता में प्रकृति की विविधता कैसे दिखाई देती है?

उत्तर: कविता में बादल, बिजली, पेड़, फूल, पक्षी, जलचर, जानवर—सबका उल्लेख है, जो प्रकृति की विविधता और जीवंतता को दर्शाता है।

38. वर्षा ऋतु किसानों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है?

उत्तर: क्योंकि वर्षा ही खेतों के लिए जल प्रदान करती है। फसलें वर्षा पर निर्भर होती हैं। वर्षा अच्छी हो तो किसान सुखी रहते हैं।

39. कविता में “आमोड” शब्द का क्या महत्व है?

उत्तर: “आमोड” का अर्थ है सुख-शांति और प्रसन्नता। वर्षा के कारण वातावरण में फैली खुशी को व्यक्त करने के लिए कवि ने यह शब्द उपयोग किया है।

40. कविता का समग्र भाव क्या है?

उत्तर: कविता का समग्र भाव है—वर्षा ऋतु की अद्भुत सुंदरता, उसकी जीवनदायिनी शक्ति और प्रकृति में भरने वाली प्रसन्नता। यह ऋतु धरती की शोभा का मूल आधार है।


Answer by Mrinmoee