Chapter 20

                                                                खेल-खेल में   


प्रश्न:1 राधा अपनी बहन रानी को कित-कित खेल कैसे सिखाती है?

उत्तर: राधा रानी को बताती है कि पहले गोटी को चौखाने में डालो। फिर गोटी वाले खाने को छोड़कर बाकी खानों में केवल एक पैर से छलांग लगाओ। लाइन पर पैर रखोगी तो खेल से बाहर हो जाओगी। अंतिम खाने में उछलकर घूमना है और वापसी में गोटी उठाना जरूरी है।


प्रश्न:2 राधा ने रानी को किन-किन नियमों की जानकारी दी थी ताकि वह खेल में बाहर न हो?

उत्तर: राधा ने कहा कि 4-5 और 7-8 खाने में ही दोनों पाँव रख सकते हैं और बाकी खानों में केवल एक पैर रखना है। गोटी हमेशा अंतिम खाने से लौटाते समय उठाना जरूरी है।


प्रश्न:3 बच्चों ने रानी को खेल सिखाने के बाद क्या किया?

उत्तर: रानी ने खेल को समझकर फिर से खेल में हिस्सा लिया और बच्चे खेल में लग गए।


प्रश्न:4 चाची बच्चों को देखकर क्या कहती हैं और क्यों?

उत्तर: चाची कहती हैं कि वह भी कित-कित खेलना चाहती हैं। उन्होंने बताया कि उनकी उम्र में वे भी इतने खेल खेलते थे और बच्चों को देखकर उनका खेलने का मन हो गया।


प्रश्न:5 चाची ने बच्चों को किस-किस पुराने खेलों के बारे में बताया?

उत्तर: चाची ने बताया कि वे एक टाँग से दौड़ना, छुपा-छुपी, डेंगा-पानी, पिट्टो और कबड्डी खेलती थीं और उनकी टीम दस गाँव में सबसे आगे थी।


प्रश्न:6 रमेश चाची से किस चीज़ के बारे में पूछता है?

उत्तर: रमेश पूछता है कि चाची को खेलने का इतना समय कहाँ से मिलता था।


प्रश्न:7 चाची ने रमेश को खेलने के समय के बारे में क्या जवाब दिया?

उत्तर: चाची ने कहा कि बच्चों को टी.वी. देखने से फुरसत मिलती थी, उसी समय वे खेल खेलते थे।


प्रश्न:8 रानी ने चाची से क्या पूछा कि चाचा भी खेलते थे?

उत्तर: रानी ने पूछा कि क्या उनके चाचा भी ये सभी खेल खेलते थे।


प्रश्न:9 चाची ने चाचा के खेलों के बारे में क्या बताया?

उत्तर: चाची ने बताया कि चाचा सारा दिन फुटबॉल, गिल्ली-डंडा, गोली, डेंगा-पानी, पिट्टो और पतंग उड़ाने में बिताते थे और खाना तक भूल जाते थे।


प्रश्न:10 चाची ने बच्चों के सामने खेलना कब शुरू किया?

उत्तर: रानी के आग्रह पर चाची ने बच्चों के साथ खेलना शुरू किया, लेकिन थोड़ी देर बाद बारिश आ गई।


प्रश्न:11 बच्चों ने चाची के घर जाने के लिए क्या कहा?

उत्तर: बच्चों ने खुशी-खुशी कहा, “चलो, चलो। चाची के घर चलकर खेलते हैं।”


प्रश्न:12 चाची के घर बच्चों ने क्या देखा?

उत्तर: बच्चों ने देखा कि चाचा और बुआ शतरंज खेल रहे थे।


प्रश्न:13 बच्चों ने चाची से किस खेल की सलाह मांगी?

उत्तर: राधा और रमेश ने पूछा कि क्या वे कोना-कोनी खेल सकते हैं।


प्रश्न:14 बच्चों ने क्या सुझाव दिया कि अगर गुड़िया होती तो क्या खेलते?

उत्तर: राधा ने कहा कि अगर गुड़िया होती तो वे गुड़िया से खेलते।


प्रश्न:15 चाची ने बच्चों के लिए गुड़िया कैसे बनाई?

उत्तर: चाची ने एक पुराना कपड़ा लिया और बच्चों की मदद से गुड़िया बना दी।


प्रश्न:16 बच्चों ने खेल-खेल में किन-किन खेलों में भाग लिया?

उत्तर: कुछ बच्चे लूडो खेलना चाहते थे, कुछ कैरम बोर्ड और कुछ गुड़िया खेलना चाहते थे।


प्रश्न:17 चाची ने बच्चों के साथ खेलने का क्या लाभ बताया?

उत्तर: चाची ने बच्चों के साथ खेलते हुए कहा कि खेल से शरीर मजबूत होता है और मन प्रसन्न रहता है।


प्रश्न:18 बच्चों ने खेल के दौरान चाची से क्यों मदद मांगी?

उत्तर: बच्चों ने इसलिए मदद मांगी कि कुछ खेल उनके लिए नए थे और उन्हें सही नियम समझना मुश्किल था।


प्रश्न:19 राधा ने बच्चों को खेल में शामिल होने के लिए क्या प्रेरित किया?

उत्तर: राधा ने बच्चों को नियम समझाकर और गोटी खेल में डालकर खेल में शामिल होने के लिए उत्साहित किया।


प्रश्न:20 चाची ने बच्चों के खेल में भाग लेने के बाद क्या महसूस किया?

उत्तर: चाची ने महसूस किया कि बच्चों के साथ खेलना आनंददायक है और उनके बचपन की यादें ताजा हो गईं।


प्रश्न:21 बारिश आने के बाद बच्चों ने क्या किया?

उत्तर: बच्चों ने खेल को बंद किया और अंदर चले गए।


प्रश्न:22 खेलों के दौरान बच्चों ने किस तरह से समूह बनाए?

उत्तर: बच्चे अपनी पसंद के खेल के अनुसार समूह बनाकर खेलने लगे।


प्रश्न:23 खेल-खेल में बच्चों का उत्साह कैसे दिखा?

उत्तर: बच्चों का उत्साह इस बात से दिखा कि वे खुशी-खुशी चाची के घर दौड़े और अपने-अपने खेल में लग गए।


प्रश्न:24 चाची ने बच्चों को गुड़िया बनाने में कैसे मदद की?

उत्तर: चाची ने बच्चों को कपड़ा काटने और सिलने में मदद की और बच्चों ने मिलकर गुड़िया तैयार की।


प्रश्न:25 बच्चों ने किस खेल में टीम बनाकर खेला?

उत्तर: बच्चे लूडो और कैरम बोर्ड में टीम बनाकर खेलते रहे।


प्रश्न:26 बच्चों के लिए खेल का महत्व क्या था?

उत्तर: खेल बच्चों के लिए मनोरंजन, शारीरिक व्यायाम और सहयोग का माध्यम था।


प्रश्न:27 चाची के घर जाने का बच्चों पर क्या असर पड़ा?

उत्तर: बच्चों का उत्साह बढ़ गया और वे खुशी-खुशी खेल में शामिल हुए।


प्रश्न:28 चाची ने अपने बचपन की कौन-कौन सी खेलों की यादें साझा कीं?

उत्तर: चाची ने एक टाँग से दौड़ना, छुपा-छुपी, डेंगा-पानी, पिट्टो और कबड्डी खेलना याद किया।


प्रश्न:29 रानी ने चाची से क्यों पूछा कि चाचा भी खेलते थे?

उत्तर: रानी को जानना था कि चाचा भी बच्चों की तरह खेल-कूद में मज़ा लेते थे या नहीं।


प्रश्न:30 चाची ने बच्चों को खेल के नियम सिखाने में कैसे मदद की?

उत्तर: चाची ने गोटी डालने, उछलने और अंतिम खाने में गोटी लौटाने के नियम समझाए।


प्रश्न:31 बच्चों ने खेल-खेल में टीम भावना कैसे दिखाई?

उत्तर: बच्चों ने अपने-अपने समूह बनाकर खेलों में सहयोग किया और नियमों का पालन किया।


प्रश्न:32 खेलों के दौरान बच्चों में उत्साह और आनंद कैसे दिखाई दिया?

उत्तर: बच्चों ने खेलों में जोर-जोर से हँसते हुए भाग लिया और नियम पालन किया।


प्रश्न:33 चाची ने बच्चों को खेलते देख क्या कहा?

उत्तर: चाची ने कहा कि वह भी बच्चों के साथ खेलना चाहती हैं और बच्चों को खेल में शामिल होने के लिए प्रेरित किया।


प्रश्न:34 बच्चों ने चाची के साथ किस खेल में विशेष मज़ा लिया?

उत्तर: बच्चों ने कोना-कोनी और गुड़िया बनाने में विशेष मज़ा लिया।


प्रश्न:35 बच्चों ने खेलते समय क्या ध्यान रखा?

उत्तर: बच्चों ने नियमों का पालन किया, गोटी सही जगह डाली और खेल को सही तरीके से खेला।


प्रश्न:36 बच्चों ने खेल में भाग लेकर क्या सीखा?

उत्तर: बच्चों ने मिलकर खेलने, सहयोग करने और नियमों का पालन करने का महत्व सीखा।


प्रश्न:37 चाची के साथ खेल में बच्चों को क्या नया अनुभव हुआ?

उत्तर: बच्चों को अनुभव हुआ कि खेल केवल मनोरंजन नहीं है, बल्कि टीमवर्क और मज़ा का भी स्रोत है।


प्रश्न:38 बच्चों ने खेल के दौरान किस प्रकार की रचनात्मक गतिविधियाँ कीं?

उत्तर: बच्चों ने गुड़िया बनाई, लूडो और कैरम में समूह बनाए और खेल में रणनीति अपनाई।


प्रश्न:39 चाची ने बच्चों को खेलों में क्यों प्रेरित किया?

उत्तर: चाची ने बच्चों को प्रेरित किया ताकि वे खेलों के माध्यम से खुश रहें और सीख सकें।


प्रश्न:40 खेल-खेल में बच्चों की खुशी का पाठ में संदेश क्या है?

उत्तर: पाठ यह सिखाता है कि खेल न केवल मनोरंजन है, बल्कि यह सहयोग, नियम पालन, टीम भावना और रचनात्मकता सिखाने का माध्यम भी है।

Answer by Mrinmoee