Chapter- 6               तीन वर्ग


  • इस अध्याय में किन परिवर्तनों का अध्ययन किया गया है?
    उत्तर:
    नौवीं और सोलहवीं सदी के मध्य पश्चिमी यूरोप में सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिवर्तनों का।

  • रोमन साम्राज्य के पतन के बाद यूरोप में कौन से समूहों ने सत्ता संभाली?
    उत्तर:
    जर्मन मूल के समूहों ने इटली, स्पेन और फ्रांस के क्षेत्रों पर अधिकार कर लिया।

  • संगठित राजनीतिक बल के अभाव में क्या समस्याएँ उत्पन्न हुईं?
    उत्तर:
    युद्ध प्रायः होते थे और भूमि की रक्षा के लिए संसाधन जुटाना आवश्यक हो गया।

  • सामाजिक ढाँचे का केंद्र-बिंदु क्या था?
    उत्तर:
    भूमि पर नियंत्रण।

  • यह सामाजिक ढाँचा किन परंपराओं से प्रभावित था?
    उत्तर:
    जर्मन रीति-रिवाजों और शाही रोम की परंपराओं से।

  • ईसाई धर्म का यूरोप में स्थान क्या रहा?
    उत्तर:
    चौथी सदी से रोमन साम्राज्य का राजकीय धर्म था और रोम के पतन के बाद भी यूरोप में फैलता रहा।

  • यूरोप में चर्च की भूमिका क्या थी?
    उत्तर:
    मुख्य भूमिधरक और राजनीतिक शक्ति।

  • तीन वर्ग से क्या अभिप्राय है?
    उत्तर:
    तीन सामाजिक श्रेणियाँ—ईसाई पादरी, भूमिधरक अभिजात वर्ग और कृषक।

  • तीन वर्गों के बीच संबंधों का यूरोप के इतिहास में क्या महत्व था?
    उत्तर:
    ये संबंध कई सदियों तक यूरोप के इतिहास को गढ़ने वाले महत्त्वपूर्ण कारक थे।

  • पिछले सौ वर्षों में यूरोपीय इतिहासकारों ने किस प्रकार का अध्ययन किया?
    उत्तर:
    उन्होंने विविध क्षेत्रों और प्रत्येक गाँव के इतिहास पर विस्तृत कार्य किया।

  • यह अध्ययन कैसे संभव हुआ?
    उत्तर:
    भू-स्वामित्व के विवरण, मूल्यों और कानूनी मुकदमों जैसी सामग्री दस्तावेज़ों के रूप में उपलब्ध होने से।

  • चर्च के अभिलेखों का उपयोग किस लिए किया गया?
    उत्तर:
    परिवारों और जनसंख्या की संरचना को समझने के लिए।

  • अभिलेख व्यापारिक संस्थाओं के बारे में क्या जानकारी देते हैं?
    उत्तर:
    वे व्यापारिक गतिविधियों और संगठन के बारे में सूचना प्रदान करते हैं।

  • गीत और कहानियाँ हमें क्या बताती हैं?
    उत्तर:
    त्योहारों और सामुदायिक गतिविधियों का बोध कराती हैं।

  • इतिहासकार इन स्रोतों का क्या उपयोग करते हैं?
    उत्तर:
    आर्थिक एवं सामाजिक जीवन और दीर्घकालीन या अल्पकालीन परिवर्तनों को समझने में।

  • दीर्घकालीन परिवर्तन का उदाहरण क्या है?
    उत्तर:
    जनसंख्या में वृद्धि।

  • अल्पकालीन परिवर्तन का उदाहरण क्या है?
    उत्तर:
    कृषक विद्रोह।

  • सामंतवाद पर सर्वप्रथम काम करने वाले विद्वान कौन थे?
    उत्तर:
    फ्रांस के मार्क ब्लॉक।

  • मार्क ब्लॉक का जन्म और निधन कब हुआ?
    उत्तर:
    1886–1944।

  • मार्क ब्लॉक किस वर्ग के विद्वान थे?
    उत्तर:
    फ्रांस के इतिहासकार वर्ग से।

  • मार्क ब्लॉक के अनुसार इतिहास की विषयवस्तु क्या होनी चाहिए?
    उत्तर:
    केवल राजनीतिक इतिहास और महान व्यक्तियों की जीवनी नहीं, बल्कि भूगोल और सामाजिक जीवन का भी महत्त्व।

  • भूगोल का मानव इतिहास में क्या महत्व है?
    उत्तर:
    यह इतिहास की विषयवस्तु को समझने में सहायक है।

  • तीन वर्गों में भूमिधरक अभिजात वर्ग का क्या महत्व था?
    उत्तर:
    उन्होंने भूमि पर नियंत्रण रखा और सामाजिक एवं राजनीतिक शक्ति का संचालन किया।

  • कृषक वर्ग का मुख्य कार्य क्या था?
    उत्तर:
    कृषि करना और समाज की आर्थिक संरचना बनाए रखना।

  • ईसाई पादरी वर्ग का समाज में क्या योगदान था?
    उत्तर:
    धार्मिक और नैतिक मार्गदर्शन, और राजनीतिक प्रभाव।

  • यूरोप में युद्ध और भूमि नियंत्रण के बीच क्या संबंध था?
    उत्तर:
    भूमि पर नियंत्रण के लिए युद्ध आम थे।

  • तीन वर्गों के अध्ययन से क्या ज्ञात होता है?
    उत्तर:
    सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक ढांचे का संतुलन और परिवर्तन।

  • यूरोपीय इतिहासकारों के अध्ययन की मुख्य सामग्री क्या थी?
    उत्तर:
    भू-स्वामित्व, कानूनी दस्तावेज़, जन्म, मृत्यु और विवाह के अभिलेख।

  • सामंतवाद के अध्ययन से इतिहास में क्या नया दृष्टिकोण आया?
    उत्तर:
    यह राजनीतिक इतिहास के अतिरिक्त सामाजिक और आर्थिक कारकों पर ध्यान केंद्रित करता है।

  • इस अध्याय का मुख्य संदेश क्या है?
    उत्तर:
    यूरोप के मध्यकालीन इतिहास में तीन वर्गों के संबंध और उनकी भूमिकाएँ महत्त्वपूर्ण थीं और ये सामाजिक, आर्थिक एवं राजनीतिक परिवर्तनों को प्रभावित करती थीं।

  • Answer by Dimpee Bora